Monday, 20 January 2014

कहाँ हैं सुकून ?

अरे पाण्डेय जी पता है आपको ,  फ़लाने ने डिमाका जगह पे 2 BHK ले लिया है , फलाना का डिमाका वीजा लग गया अब वो पैसे में खेलेगा , अभी अभी पता चला टिंकू ने स्विच मार दिया , अबे तुम्हे पता है ऊ बोकवा रजुवा भी बियाह कर लिया

कुछ दिन बाद ऐसे ही वापस मैंने फ़लाने से पूछा 2 BHK कैसा है ? जवाब आया अबे बस सोना होता है बाकी टाइम तो दफ्तर में रहतें हैं माँ बाबूजी को यहाँ आना   पसंद नहीं, कुछ अच्छा नहीं लगता अब,.

विजवा वाले से पूछा अबे दबा के कमा रहे होगे परदेस में बोला भैया कौनो सुकून नहीं है कौन कब आके गोली मार दे डर लगा रहता है , बाबूजी कि तबियत ठीक नहीं रहती लेकिन उनको देख नहीं सकते इसलिए दुखी रहते हैं.।

टिंकू से बात हुई नयी कंपनी तो मस्त होगी भाई अच्छा कमा रहे होगे काम भी बढ़िया होगा , जवाब आया अबे कौन बढ़िया, दिन रात काम है सपोर्ट का , कुछ सीखने को नहीं एक ही चीज रोज अब तो उब गया हूँ नयी खोज रहा हूँ। …

रजुवा से बात हुई बोला लड़की थोड़ी ज्यादा चालाक निकली हमपे दहेज़ का मुकदमा ठोक  दिया है , आजकल तो कचहरी के चक्कर लगे हुए हैं.।

मुझे भी चक्कर आ गया.…।  खाओ पीयो, स्वस्थ रहो मस्त रहो ( इतना आसान नहीं )

2 comments:

  1. in "अब तो उब गया हूँ ", is it not Ub instead of just ub?

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  2. Kaushik ji U r right ...typo error

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